Friday, July 14, 2017

अरे! इस सृष्टि की क्या बात,स्वर्ग की जो सृष्टि है, उसका जो सम्राट है इन्द्र,वो भी इसी प्रकार काम, क्रोध लोभ, मोह में परेशान है।
सुरपतिर्ब्राह्मं पदं याचते।
वो ब्रह्मा का पद चाहता है। कितने प्राइम मिनिस्टर, उनके बाप भिखारी थे।
कितने अरबपति खरबपति जो, उनके बाप ठेला ले के चलते थे,प्रारब्ध के कारण हो गये इतने बड़े,लेकिन हम पूछते हैं, अन्दर का क्या हाल है?
जितना बड़ा आदमी है, उतना ही परेशान है।

---- जगद्गुरु श्री कृपालु जी महाराज।