Wednesday, May 15, 2013

गुरु - कृपा एवं गुरु - प्रेम कितना मिला बस इसी पर बार - बार विचार करके बार - बार बलिहार जाओ , तभी बात बनेगी।
-------जगद्गुरु श्री कृपालु जी महाराज.
गुरु - कृपा एवं गुरु - प्रेम कितना मिला बस इसी पर बार - बार विचार करके बार - बार बलिहार जाओ , तभी बात बनेगी।
(जगद्गुरु श्री कृपालु जी महाराज)